न्यायाधीश बी आर गवई ने कहा- समाज में स्थिरता, सामंजस्य और सतत विकास करने के लिए सामाजिक-आर्थिक न्याय सबसे अहम
नई दिल्ली भारत के प्रधान न्यायाधीश बी आर गवई ने कहा है कि समाज के बड़े हिस्से को हाशिए पर रखने वाली असमानताओं पर ध्यान दिए बिना कोई भी देश असल में प्रगतिशील या लोकतांत्रिक होने का दावा नहीं कर सकता। उन्होंने कहा है कि समाज में स्थिरता, सामंजस्य और सतत विकास करने के लिए…
