अक्सर हम सोचते हैं कि माफ करना एक कमजोरी है, लेकिन ऑस्कर वाइल्ड इसे एक चालाकी भरी जीत की तरह देखते हैं. जब कोई आपका बुरा करता है, तो वह उम्मीद करता है कि आप भी गुस्सा करेंगे, बदला लेंगे या दुखी होंगे. जब आप ऐसा नहीं करते और उसे माफ कर देते हैं, तो आप उसका पूरा गेम खराब कर देते हैं.
यह उन्हें परेशान क्यों करता है?
उन्हें कोई भाव नहीं मिलता: दुश्मन चाहता है कि आप उसे गंभीरता से लें. जब आप उसे माफ कर देते हैं, तो आप बिना कुछ कहे यह जता देते हैं कि वह आपके लिए इतना महत्वपूर्ण ही नहीं है कि आप उस पर अपना समय बर्बाद करें.
आप शांत रहते हैं, वे नहीं: जब आप माफी की राह चुनते हैं, तो आप अपनी मानसिक शांति बनाए रखते हैं. दूसरी ओर, आपका दुश्मन इस बात से अंदर ही अंदर जलता रहता है कि उसे आपकी तरफ से वह प्रतिक्रिया नहीं मिली जो वह चाहता था.
आपकी जीत: दुश्मन को हराने का मतलब सिर्फ उसे लड़कर पछाड़ना नहीं होता. अपनी गरिमा (Dignity) बनाए रखना और नकारात्मकता को खुद से दूर कर देना ही आपकी सबसे बड़ी जीत है.
निष्कर्ष:
संक्षेप में, वाइल्ड कहना चाहते हैं कि अपनी ऊर्जा को नफरत में खर्च करने के बजाय उसे माफ कर आगे बढ़ जाना, दुश्मन को सबसे ज्यादा चुभता है. यह उन्हें यह अहसास कराता है कि आप उनसे कहीं अधिक बेहतर और मजबूत इंसान हैं.
ऑस्कर वाइल्ड (Oscar Wilde) कौन थे?
ऑस्कर वाइल्ड (1854–1900) आयरलैंड के एक महान कवि, नाटककार और कहानीकार थे. वे 19वीं सदी के सबसे चर्चित लेखकों में से एक माने जाते हैं. वे अपनी हाजिरजवाबी (Wit) और व्यंग्यपूर्ण (Sarcastic) शैली के लिए दुनिया भर में प्रसिद्ध हैं. वे अपनी बातों को बहुत कम शब्दों में लेकिन गहरा अर्थ छिपाकर कहने में माहिर थे, जिससे वे आज भी साहित्य की दुनिया में बहुत पसंद किए जाते हैं.
